Love Story 2050

हरमन बावेजा के नाम से बॉलीवुड के दर्शक अंजान नहीं हैं। प्रसिद्ध निर्माता-निर्देशक हैरी बावेजा के पुत्र हरमन बावेजा अपनी फिल्मी पारी की शुरुआत में `लव स्टोरी 2050' से करने जा रहे हैं।

इस कोशिश को जानदार बनाने में हैरी ने कोई कसर बाकी नहीं रखी है। फिल्म टाइम मशीन की अवधारणा पर केंद्रित है। आने वाली 2050 की दुनिया दिखाने के लिए उन्होंने स्पेशल इफेक्ट्स का सहारा लिया है।

जोशीले और मस्तमौला करण (हरमन बावेजा) को नियम-कायदों में बँधकर जीना पसंद नहीं है, जबकि शर्मीले स्वभाव वाली सना (प्रियंका चोपड़ा) को अनुशासनात्मक जीवन पसंद है। विचारों में इतना अंतर होने के बावजूद दोनों एक-दूसरे को दिलोजान से चाहते हैं।

करण के अंकल यतिंद्र खन्ना वर्षों से टाइम मशीन बना रहे हैं और आखिरकार वे अपनी कोशिश में सफल हो जाते हैं। सना को जब इस बारे में पता चलता है, तो वह टाइम मशीन के जरिए मुंबई का भविष्य देखने की इच्छा प्रकट करती है।

टाइम मशीन के जरिये करण, सना, यतिंदर, राहुल और थिया (सना के छोटे भाई-बहन) सन् 2050 के मुंबई में पहुँच जाते हैं। वाह, क्या नजारा है? उड़ती हुई कारें और रेल, 200 मंजिल ऊँची इमारतें, काम करते हुए रोबोट। लगता ही नहीं कि यह हमारा मुंबई है।

यहां घटने वाले घटनाक्रमों के चलते करण को महसूस होता है कि वह सना से दूर होता जा रहा है। ऐसे में क्यूटी (रोबोट) और बू (रोबोटिक टेडी बियर) करण और सना को पास लाने में अहम भूमिका निभाते हैं।

इसी बीच उसे भविष्य के देवता डॉ. होशी से धमकियाँ मिलती हैं। करण कैसे निपटता है इन धमकियों से..? उसे अपना प्यार वापस मिलता है..? वह फिर से आज के समय में लौट पाता है..?