Foreign Minister Pranav Mukherjee

विदेश-मंत्री प्रणव मुखर्जी ने मंगलवार को बताया कि भारत-अमेरिका एटमी करार पर पहले सरकार संसद में विश्वास मत हासिल करेगी, उसके बाद ही वह आईएईए में जाएगी। इसके लिए उन्होंने जल्द ही विशेष सत्र बुलाने का भी संकेत दिया।

उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल से जैसे ही कोई औपचारिक पत्र मिलेगा वैसे ही सरकार विश्वास मत प्राप्त करेगी। लेफ्ट द्वारा सरकार से समर्थन वापसी के बाद मंगलवार शाम को हुई बैठक में यह फैसला किया गया, जिसमें सपा नेता अमर सिंह, प्रणव मुखर्जी तथा सोनिया गांधी मौजूद थी। बैठक के बाद मुखर्जी ने कहा कि इस मसले पर उनकी बात प्रधानमंत्री से भी हुई है। उन्होंने भरोसा जताया कि सरकार एटमी करार पर संसद में विश्वास मत हासिल करने में सफल रहेगी।