जया एकादशी पर करें कुछ उपाय
वैदिक पंचांग के अनुसार, माघ शुक्ल एकादशी तिथि आज शाम 4 बजकर 35 मिनट से प्रारंभ हो रही है, जो 29 जनवरी, गुरुवार की दोपहर 1 बजकर 55 मिनट पर समाप्त होगी। उदया तिथि के अनुसार 29 जनवरी, गुरुवार को एकादशी व्रत रखना उचित होगा।
व्रत का पारण
30 जनवरी, शुक्रवार की सुबह 6 बजकर 34 मिनट से 9 बजकर 21 मिनट तक।
हिन्दू पंचांग के अनुसार, माघ महीने के शुक्ल पक्ष की एकादशी को जया एकादशी कहा जाता है। शास्त्रों में इस तिथि का विशेष महत्व बताया गया है। मान्यता है कि जो व्यक्ति इस दिन पूजा-पाठ करता है, उसे प्रेत योनि से मुक्ति मिलती है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, जया एकादशी तिथि को तुलसी के उपाय करने से घर में मां लक्ष्मी का वास होता है और साधक की तकदीर बदल सकती है।
आर्थिक तंगी होगी दूर
जया एकादशी को तुलसी के पास देसी घी का दीपक जलाकर पौधे की 7 या 11 परिक्रमा लगाएं। माना जाता है कि इस उपाय से धन लाभ के योग बनते हैं और अन्न-धन के भंडार भरे होते हैं। धन की प्राप्ति के लिए जया एकादशी को भगवान विष्णु को तुलसी की मंजरी अर्पित करें। इस दौरान मंत्रों का जप करें। मान्यता है कि इस उपाय से साधक को जीवन में कभी भी धन की कमी नहीं होती है।
भोग
भगवान विष्णु की कृपा प्राप्त करने के लिए जया एकादशी को भगवान विष्णु के भोग में तुलसी के पत्ते शामिल करें। माना जाता है कि तुलसी के पत्ते अर्पित करने से प्रभु भोग को स्वीकार करते हैं। इससे सुख-समृद्धि में वृद्धि होती है।
तुलसी जी के मंत्र
महाप्रसाद जननी सर्व सौभाग्यवर्धिनी,
आधि व्याधि हरा नित्यं तुलसी त्वं नमोस्तुते।।
तुलसी गायत्री
तुलसीदेव्यै च विद्महे, विष्णुप्रियायै च धीमहि, तन्नो वृन्दा प्रचोदयात्।।
तुलसी स्तुति मंत्र
देवी त्वं निर्मिता पूर्वमर्चितासि मुनीश्वरैः।
नमो नमस्ते तुलसी पापं हर हरिप्रिये।।
तुलसी श्रीर्महालक्ष्मीर्विद्याविद्या यशस्विनी।
धर्म्या धर्मानना देवी देवीदेवमन: प्रिया।।
लभते सुतरां भक्तिमन्ते विष्णुपदं लभेत्।
तुलसी भूर्महालक्ष्मी: पद्मिनी श्रीर्हरप्रिया।।
अब आपके लिए डेली हिंदी मिलाप द्वारा हर दिन ताज़ा समाचार और सूचनाओं की जानकारी के लिए हमारे सोशल मीडिया हैंडल की सेवाएं प्रस्तुत हैं। हमें फॉलो करने के लिए लिए Facebook , Instagram और Twitter पर क्लिक करें।





