हिंसा समाधान नहीं : रेवंत रेड्डी

हैदराबाद, मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने कहा कि हिंसा से किसी भी समस्या का स्थायी समाधान नहीं मिल सकता। लोगों की आकांक्षाएँ केवल लोकतांत्रिक तरीके से ही पूरी हो सकती हैं। सीएम ने सचिवालय में पूर्व माओवादी नेताओं से मुलाकात की, जिन्होंने हाल ही में राज्य पुलिस के समक्ष आत्म समर्पण किया था। इस दौरान मुख्यमंत्री ने उनके साथ विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की। राज्य पुलिस के सामने आत्मसमर्पण करने वाले छह पूर्व माओवादी शीर्ष नेताओं तिप्परी तिरुपति (देवजी), मल्ला राजिरेड्डी (संग्राम), पुल्लूरी प्रसाद राव (चंद्रन्ना), पोतुला कल्पना (सुजाता), बडे चोक्काराव (दामोदर) और नूने नरसिम्हा रेड्डी (गंगन्ना) ने सीएम से भेंट की।

सीएम रेवंत रेड्डी ने आश्वासन दिया कि सरकार की ओर से उन्हें सम्मानजनक जीवन जीने के लिए सुरक्षा और पुनर्वास प्रदान किया जाएगा, इसमें कोई कमी नहीं होगी। उन्होंने कहा कि दशकों तक जंगल में रहने वाले लोगों का लोकतंत्र पर विश्वास के साथ वापस आना सराहनीय बात है। उन्होंने आश्वासन दिया कि पड़ोसी राज्यों में लागू पुनर्वास नीतियों को ध्यान में रखते हुए उन लोगों को और बेहतर पैकेज प्रदान करने के लिए कदम उठाए जाएँगे।

यह भी पढ़ें… दसवीं की परीक्षा भविष्य की नींव : पोन्नम प्रभाकर

डीजीपी बी. शिवधर रेड्डी ने कहा कि पिछले दो वर्षों में सरकार के आह्वान पर राज्य में कुल 591 माओवादी जनजीवन में शामिल होकर सामान्य नागरिक के रूप में जीवन यापन कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि पुलिस विभाग के समन्वय प्रयासों और सरकार द्वारा लागू की जा रही बेहतर पुनर्वास नीतियों के कारण शीर्ष माओवादी नेताओं में बदलाव आया है। पूर्व माओवादी नेताओं ने सशस्त्र संघर्ष को छोड़कर मुख्यधारा में आने का अवसर प्रदान करने के लिए सरकार को धन्यवाद दिया। मुख्यमंत्री ने आश्वासन देते हुए कहा कि इस बैठक में उठायी गयी उनकी माँगों का सकारात्मक समाधान किया जाएगा।

अब आपके लिए डेली हिंदी मिलाप द्वारा हर दिन ताज़ा समाचार और सूचनाओं की जानकारी के लिए हमारे सोशल मीडिया हैंडल की सेवाएं प्रस्तुत हैं। हमें फॉलो करने के लिए लिए Facebook , Instagram और Twitter पर क्लिक करें।

Related Articles

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Back to top button