ग्रुप-1 मामले पर याचिकाकर्ताओं के संरक्षण को लेकर विवरण तलब
हैदराबाद, ग्रुप-1 की परीक्षा में अनियमितता व धांधलियों को लेकर न्यायिक संघर्ष कर रहे याचिकाकर्ताओं को धमकियाँ दिए जाने के मामले पर तेलंगाना उच्च न्यायालय ने अपना स्पष्टीकरण दिया। अदालत ने याचिकाकर्ताओं के संरक्षण को लेकर विवरण पेश करने के राज्य सरकार को आदेश जारी किए।
गौरतलब है कि वर्ष 2023 ग्रुप-1 की प्रीलिम्स परीक्षा में धांधलियों को लेकर उच्च न्यायालय में याचिका दायर की गई। दायर याचिका पर सुनवाई कर परीक्षा रद्द कर दी गई। परीक्षा रद्द कर दिए जाने के कारण याचिकाकर्ताओं को धमकियाँ देने का हवाला देते हुए याचिकाकर्ता बी. नरसिंग ने उच्च न्यायालय की शरण ली। इस मामले पर उच्च न्यायालय के न्यायाधीश जस्टिस एन. तुकारामजी ने सुनवाई की।
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सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता ने दलील देते हुए बताया कि अदालत ने याचिका पर सुनवाई कर परीक्षा रद्द कर दी। इस कारण परीक्षा में सफल होने वाले योग्य उम्मीदवारों की ओर से याचिकाकर्ताओं को बड़े पैमाने पर धमकियाँ दी जा रही है। धमकियाँ सोशल मीडिया तक भी पहुँच गई, जिस कारण याचिकाकर्ता को जान का खतरा है।
सरकार की ओर से सुरक्षा उपलब्ध करवाने के लिए पुलिस महानिदेशक से आवेदन भी किया गया, लेकिन इसका कोई परिणाम सामने नहीं आया। सुनवाई के दौरान सरकार की ओर से अधिवक्ता ने इस मामले पर विवरण देने के लिए समय देने का आग्रह किया। आग्रह को स्वीकार कर न्यायाधीश ने सुनवाई 9 फरवरी तक स्थगित कर दी।
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