गजकेसरी योगदेवगुरु और चंद्रमा की युति से बनेगा
ज्योतिषविद देवगुरु बृहस्पति के गोचर को बहुत शुभ मानते हैं। देवगुरु बृहस्पति की चाल लोगों के जीवन को प्रभावित करती है। 18 अक्तूबर को देवगुरु का प्रवेश कर्क राशि में अतिचारी अवस्था में हुआ था, जो 5 दिसंबर,शुक्रवार तक इसी राशि में रहेंगे। अतिचारी अवस्था के कारण देवगुरु हर दिन किसी न किसी ग्रह के साथ मिलकर शुभ और अशुभ राजयोग बनाते हैं।
अब 10 नवंबर, सोमवार की दोपहर 1 बजकर 2 मिनट पर चंद्रमा अपनी राशि कर्क में प्रवेश करेंगे। कर्क राशि में देवगुरु बृहस्पति विराजमान हैं। अब कर्क राशि में चंद्रमा प्रवेश करके देवगुरु बृहस्पति के साथ युति करेंगे, जिससे गजकेसरी योग बनेगा।
यह भी पढ़े: http://कार्तिक पूर्णिमा स्नान मोक्ष-साधना का मुख्य सोपान
देवगुरु बृहस्पति कर्क राशि में प्रवेश करके पहले ही हंस महापुरुष राजयोग बना चुके हैं। अब कर्क राशि में ही चंद्रमा और बृहस्पति युति करके गजकेसरी योग बना रहे हैं, जिससे कई राशियों के जातकों का भाग्य चमक सकता है।
अब आपके लिए डेली हिंदी मिलाप द्वारा हर दिन ताज़ा समाचार और सूचनाओं की जानकारी के लिए हमारे सोशल मीडिया हैंडल की सेवाएं प्रस्तुत हैं। हमें फॉलो करने के लिए लिए Facebook , Instagram और Twitter पर क्लिक करें।



