विवेक पूर्ण होना चाहिए हमारा जीवन : कमलेशजी

हैदराबाद, जीवन विवेक पूर्ण हो, जीवन भागवत प्रेम में हो, जीवन भगवत भाव में हो, बिना सत्संग के जीवन में विवेक नहीं आता। उक्त उद्गार पारीक भवन में श्री रामायण मानस सत्संग प्रेमी द्वारा आयोजित श्री रामचरितमानस पारायण के अंतर्गत कमलेशजी महाराज ने व्यक्त किये।

महाराजश्री ने श्रीराम विवाह के अंतर्गत कहा कि घर में बच्चों को समय देना समय की मांग है। बच्चों को संस्कार और परंपरा से अवगत कराना बड़ों का कर्तव्य है, संबंधों में मिठास आनी चाहिए। आजकल लोग अकेले में ही उत्सव मनाना चाहते हैं। महाराज ने कहा कि अकेले नहीं सभी लोगों को साथ में लेकर उत्सव मनाया जाए, तो समाज स्वस्थ रहता है।

यह भी पढ़ें… जीव को होना चाहिए अहंकार शून्य : कमलेशजी महाराज

इस दौरान मुख्य अतिथि गोपाल बल्दवा का महाराजश्री ने सम्मान किया। अवसर पर कैलाश नारायण भांगड़िया, प्रवीण मोर, हितेश मोर, सुरेश बियानी, रमेश लाखोटिया, सुरेश शर्मा, श्रीराम काबरा, धनराज सोनी, नितिन शर्मा, निवेश त्रिवेदी, शोभा बल्दवा, माया शर्मा, सपना शर्मा व अन्य उपस्थित थे।

अब आपके लिए डेली हिंदी मिलाप द्वारा हर दिन ताज़ा समाचार और सूचनाओं की जानकारी के लिए हमारे सोशल मीडिया हैंडल की सेवाएं प्रस्तुत हैं। हमें फॉलो करने के लिए लिए Facebook , Instagram और Twitter पर क्लिक करें।

Related Articles

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Back to top button