मुसलमानों से सार्वजनिक माफी माँगें रेवंत रेड्डी : केटीआर

हैदराबाद, मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी के विवादित बयान कांग्रेस है तो मुसलमान हैं, वरना नहीं को मुसलमानों का अपमान बताते हुए भारत राष्ट्र समिति (भारास) कार्यकारी अध्यक्ष व पूर्व मंत्री कल्वाकुंट्ला तारक रामाराव ने रेवंत से मुसलमानों से सार्वजनिक तौर पर माफी मांगने की मांग की।

भारास मुख्यालय तेलंगाना भवन में केटीआर ने पूर्व मुख्यमंत्री के. चंद्रशेखर राव सरकार के दौरान केवल जुबली हिल्स विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र में किए गए विकास व कल्याणकारी कार्यों पर प्रगति निवेदिका रिपोर्ट जारी की। उन्होंने कहा कि कांग्रेस है तो मुसलमान हैं, इस भ्रम से जितनी जल्दी मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी बाहर निकलेंगे तो उतना बेहतर होगा। उन्होंने कहा कि संविधान निर्माता भारत रत्न डॉ. बाबा साहेब अंबेडकर रचित संविधान में आर्टिकल 25 से 28 तक में यह स्पष्ट किया गया है कि भारत धर्मनिरपेक्ष देश है जहाँ हर धर्म के अनुयायी अपने धर्म का पालन करने स्वतंत्र हैं।

केटीआर ने कांग्रेस सरकार से जवाब मांगा

केटीआर ने प्रश्न किया कि क्या कांग्रेस के पैदा होने से पहले मुसलमान नहीं थे। पॉवर प्वाइंट प्रेजेंटेशन के जरिए केटीआर ने पूर्व केसीआर शासन के दौरान केवल जुबली हिल्स विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र में 5,328 करोड़ रुपये खर्च से 2 लाख 12 हजार 862 लाभार्थियों को लाभ पहुंचाए जाने की जानकारी दी। उन्होंने मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी को चुनौती देते हुए कहा कि दो साल के शासन में कांग्रेस सरकार ने जुबली हिल्स निर्वाचन क्षेत्र में क्या किया है बताएँ। उन्होंने कहा कि 2 सालों में कांग्रेस सरकार ने क्या किया है और साढ़े 9 सालों में पूर्व बीआरएस सरकार ने क्या किया है इस पर चर्चा के लिए वे (केटीआर) तैयार हैं।

केटीआर ने कहा कि पूर्व केसीआर सरकार के कार्यों का रिबन काटने वाले कटिंग मास्टर को सीएम नहीं कहते हैं, बल्कि चीफ मिनिस्टर की तरह व्यवहार करने वाले को सीएम कहते हैं। उन्होंने कहा कि जुबली हिल्स उपचुनाव में हार के डर के चलते मुख्यमंत्री फ्रस्टेशन में हैं। उन्हें चिंता है कि यदि उप चुनाव हार गए तो उनके बाद कांग्रेस में नंबर वन, टू या थ्री कुर्सी हथिया लेंगे इसलिए कुर्सी बचाने के लिए वे अनाप-शनाप बयानबाजी कर रहे हैं।

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केटीआर ने रेवंत सरकार की विफलताओं का किया खुलासा

केटीआर ने कहा कि जुबली हिल्स में पूर्व बीआरएस सरकार ने 1 लाख डबल बेडरूम आवास का निर्माण 10 सालों में किया है। अब रेवंत सरकार बताए 2 सालों में कितने आवास निर्माण किए गए हैं? उन्होंने कहा कि केवल सीएम के रूप में ही नहीं, रेवंत रेड्डी नागरिक प्रशासन मंत्री व गृह मंत्री के तौर पर भी पूरी तरह से विफल हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि पूर्व केसीआर शासन के दौरान हैदराबाद में 42 नए फ्लाईओवर व अंडरब्रिज निर्माण शुरू किए गए, जिनमें से 36 पूरे कर दिए गए। उन्होंने प्रश्न किया कि मुख्यमंत्री बताएं उन्होंने कोई एक नई सड़क बनाई हो या सड़कों के गड्ढे तक भरे हों।

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केटीआर ने कहा कि पूर्व केसीआर सरकार के दौरान जुबली हिल्स निर्वाचन क्षेत्र के शेखपेट में 333 करोड़ रुपये खर्च से फ्लाईओवर का निर्माण किया गया, वहीं हैदराबाद में 900 करोड़ रुपये खर्च से जुबली हिल्स में इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस अस्पताल का वेंगलराव डिवीजन के एर्रागड्डा में निर्माण किया गया जो अब पूरा होने को है। इस अस्पताल से यूसुफगुड़ा, रहमतनगर, एर्रागड्डा, बोराबंडा सहित सनतनगर निर्वाचन क्षेत्र, कुकटपल्ली निर्वाचन क्षेत्र, कुतबुल्लापुर निर्वाचन क्षेत्र के लोगों को लाभ पहुंचेगा।

केटीआर ने कहा कि पूर्व केसीआर सरकार ने हैदराबाद में 10 लाख सीसीटीवी कैमरे लगाकर सुरक्षा की व्यवस्था कर हैदराबाद को वर्ल्ड सेफेस्ट सिटी बनाया था, जबकि रेवंत सरकार में क्राइम रेट बढ़ा है। दिन दहाड़े लूट खसोट, कनपट्टी पर बंदूक रखकर डराने धमकाने की घटनाएं बढ़ रही हैं। ड्रग्स कल्चर भी बढ़ा है। मुंबई पुलिस चेर्लापल्ली आकर 12 हजार करोड़ रुपये मूल्य का ड्रग्स धर पकड़कर ले जाती है और रेवंत सरकार को भनक तक नहीं लगती है।

केटीआर ने रेवंत पर ई-कार और सीबीआई विवाद उठाया

केटीआर ने और भी कई कामों का ब्यौरा पीपीपी के माध्यम से दिया और कहा कि यह रिपोर्ट जुबली हिल्स की जनता को घर-घर पहुंचाकर वोट मांगेंगे। यदि दम हो तो मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी सरकार 2 सालों में किए गए कार्यों के बल पर जनता से वोट मांगे।केटीआर ने फार्मूला ई कार रेस मामले को लेकर मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी को आड़े हाथों लिया और कहा कि फार्मूला ई कार रेस मामले में राज्यपाल ने कानूनी कार्रवाई (प्रॉसिक्यूशन) की अनुमति सरकार को दे दी है।

दम हो तो गिरफ्तार करके दिखाएं। उन्होंने कहा कि चार्जशीट दाखिल करने के बाद फिर से राज्यपाल से अनुमति मांगने का क्या तुक है। उन्होंने कहा कि ई कार रेस मामले में कोई झोल नहीं है। यदि है तो रेवंत सरकार में दम हो तो उन्हें (केटीआर को) गिरफ्तार करे। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री पर भी एसीबी केस दर्ज है और उन पर (केटीआर पर) भी एसीबी केस दर्ज है। लाई डिटेक्टर टेस्ट कराने पर पता चल जाएगा।

केटीआर ने मुख्यमंत्री के प्रति कड़े शब्दों का प्रयोग करते हुए कहा कि सही मायने में मर्द पैदा हुए हैं तो सार्वजनिक तौर पर लाई डिटेक्टर जांच के लिए आएं। चोर कौन है पता लग जाएगा। उन्होंने कालेश्वरम लिफ्ट परियोजना की अनियमितताओं की जांच सीबीआई को सौंपे जाने पर भी मुख्यमंत्री की खिल्ली उड़ाई और कहा कि बड़े भाई (प्रधानमंत्री मोदी) और छोटे भाई (मुख्यमंत्री रेवंत) के बीच फेविकोल का मजबूत जोड़ है। दोनों के बीच मिलीभगत है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सांसद राहुल गांधी सीबीआई का विरोध करते हैं। मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी सीबीआई को जांच सौंपते हैं।

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